ग्रामीणों को रोजगार देने के लिये सभी विकास खण्डों के 293 स्थानों पर कराये जा रहे हैं मनरेगा कार्य।

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ग्रामीणों को रोजगार देने के लिये सभी
  • कासगंज: कोरोना वायरस कोविड-19 के संक्रमण से बचाव हेतु लगे लाॅकडाउन के कारण ग्रामीणों के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है। सरकार के निर्देशानुसार ग्रामीणों को रोजगार से जोड़ने के लिये जनपद के गांव गांव में मनरेगा कार्य शुरू करा दिये गये हैं।

जिससे ग्रामीण मजदूर अपने गांव मेें ही मेहनत करके रोजी रोटी कमाकर परिवार का भरणपोषण कर सकें। वर्तमान में जिले के समस्त विकास खण्डों के 293 स्थानों पर मनरेगा कार्य चल रहे हैं। जिसमें गांव के अलावा जो प्रवासी मजदूर विधिवत जांच और कोरोन्टाइन अवधि के बाद आयेंगे ऐसे इच्छुक मजदूरों को भी जाॅबकार्ड बनवाकर काम में लगाया जायेगा।
मुख्य विकास अधिकारी तेज प्रताप मिश्र ने बताया कि समस्त ग्रामीण स्तरीय अधिकारी, कर्मचारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि कोरोना वायरस से बचाव हेतु मनरेगा कार्य कराते समय ग्रामवासियों से सोशल डिस्टेंसिंक का अवश्य पालन करायें। सभी मजदूर मास्क या गमछा का अवश्य इस्तेमाल करें। मनरेगा के अंतर्गत गांवों के संपर्क मार्ग, तालाब खुदाई, गूलों की सफाई सहित शासन द्वारा स्वीकृत समस्त कार्य कराये जा रहे हैं।
डीसी मनरेगा अजय कुमार ने बताया कि मनरेगा कार्य कर रहे जाॅबकार्ड धारक श्रमिकों को सामान्यतः कार्य समाप्ति के बाद निर्धारित मजदूरी 201 रू0 प्रतिदिन की दर से आॅनलाइन उनके बैंक खातों में भुगतान कर दिया जाता है।

ग्रामीणों को रोजगार देने के लिये सभी विकास खण्डों के 293 स्थानों पर कराये जा रहे हैं मनरेगा कार्य।
कासगंज: कोरोना वायरस कोविड-19 के संक्रमण से बचाव हेतु लगे लाॅकडाउन के कारण ग्रामीणों के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है। सरकार के निर्देशानुसार ग्रामीणों को रोजगार से जोड़ने के लिये जनपद के गांव गांव में मनरेगा कार्य शुरू करा दिये गये हैं। जिससे ग्रामीण मजदूर अपने गांव मेें ही मेहनत करके रोजी रोटी कमाकर परिवार का भरणपोषण कर सकें। वर्तमान में जिले के समस्त विकास खण्डों के 293 स्थानों पर मनरेगा कार्य चल रहे हैं। जिसमें गांव के अलावा जो प्रवासी मजदूर विधिवत जांच और कोरोन्टाइन अवधि के बाद आयेंगे ऐसे इच्छुक मजदूरों को भी जाॅबकार्ड बनवाकर काम में लगाया जायेगा।
मुख्य विकास अधिकारी तेज प्रताप मिश्र ने बताया कि समस्त ग्रामीण स्तरीय अधिकारी, कर्मचारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि कोरोना वायरस से बचाव हेतु मनरेगा कार्य कराते समय ग्रामवासियों से सोशल डिस्टेंसिंक का अवश्य पालन करायें। सभी मजदूर मास्क या गमछा का अवश्य इस्तेमाल करें। मनरेगा के अंतर्गत गांवों के संपर्क मार्ग, तालाब खुदाई, गूलों की सफाई सहित शासन द्वारा स्वीकृत समस्त कार्य कराये जा रहे हैं।
डीसी मनरेगा अजय कुमार ने बताया कि मनरेगा कार्य कर रहे जाॅबकार्ड धारक श्रमिकों को सामान्यतः कार्य समाप्ति के बाद निर्धारित मजदूरी 201 रू0 प्रतिदिन की दर से आॅनलाइन उनके बैंक खातों में भुगतान कर दिया जाता है।